स्केल-IV एवं उससे ऊपर के अधिकारियों को PLI देने संबंधी DFS का निर्देश औद्योगिक सौहार्द के लिए चिंता का विषय : UFBU

दिनांक: 19 मार्च 2026
स्केल-IV एवं उससे ऊपर के अधिकारियों को PLI देने संबंधी DFS का निर्देश औद्योगिक सौहार्द के लिए चिंता का विषय : UFBU
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स (United Forum of Bank Unions) ने वित्त मंत्रालय के अधीन Department of Financial Services द्वारा 18 मार्च 2026 को जारी उस निर्देश पर गंभीर आपत्ति दर्ज की है, जिसमें सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को स्केल-IV से स्केल-VIII तक के अधिकारियों तथा State Bank of India के वरिष्ठ अधिकारियों को संशोधित PLI योजना के अंतर्गत परफॉर्मेंस लिंक्ड इंसेंटिव देने का निर्देश दिया गया है।
UFBU का कहना है कि यह निर्णय उस समय लिया गया है जब PLI का विषय वर्तमान में मुख्य श्रम आयुक्त (केंद्रीय) के समक्ष सुलह प्रक्रिया में विचाराधीन है। 9 मार्च 2026 को हुई बैठक में इस विषय पर यूनियनों एवं प्रबंधन के बीच चर्चा हुई थी तथा आगे समाधान आपसी संवाद और सुलह प्रक्रिया से निकालने पर सहमति बनी थी। ऐसे में मात्र कुछ दिनों बाद एकतरफा निर्देश जारी करना स्थापित सुलह प्रक्रिया को कमजोर करता है।
यूनियन ने स्पष्ट किया कि बैंकिंग उद्योग में दशकों से चली आ रही द्विपक्षीय वार्ता प्रणाली को नजरअंदाज कर इस प्रकार का निर्णय लेना संस्थागत समानता के सिद्धांत के विरुद्ध है। वर्तमान व्यवस्था में जहां अधिकांश कर्मचारियों को सीमित PLI मिलता है, वहीं नई योजना के तहत वरिष्ठ अधिकारियों को 365 दिनों तक PLI देने का प्रावधान कार्यबल में असमानता बढ़ा सकता है।
UFBU के अनुसार इस निर्णय से लगभग 95 प्रतिशत कर्मचारियों और एक छोटे वरिष्ठ वर्ग के बीच आर्थिक विभाजन की स्थिति उत्पन्न होगी, जिससे मनोबल प्रभावित हो सकता है तथा कार्यस्थल पर असंतोष बढ़ सकता है।
यूनियन ने यह भी कहा कि ‘बेल कर्व’ और ‘फोर्स्ड रैंकिंग’ आधारित मूल्यांकन प्रणाली विश्व स्तर पर कई बड़ी कंपनियों द्वारा समाप्त की जा चुकी है क्योंकि यह टीम भावना और कार्य निष्पक्षता को प्रभावित करती है।
UFBU ने मांग की है कि 18 मार्च 2026 के निर्देश के क्रियान्वयन पर तत्काल रोक लगाई जाए तथा इस विषय का समाधान स्थापित परामर्श एवं सुलह तंत्र के माध्यम से किया जाए, ताकि बैंकिंग क्षेत्र में निष्पक्षता, एकता और औद्योगिक सौहार्द बना रहे।
यह जानकारी UFBU देहरादून के संयोजक इन्द्र सिंह रावत तथा एआईबीओसी राज्य सचिव हेमंत मल्होत्रा द्वारा दी गई। 🏦📢