16 अगस्त 2026स्थान: रुद्रेश्वर महादेव मंदिर, खलंगा, मंगलूवाला, नालापानी, रायपुर, जिला देहरादून, उत्तराखंड
“एक रविवार–एक गाँव–एक घंटा समाज के नाम” अभियान के तहत जनसेवा, स्वच्छता, जनसंवाद एवं जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित

देहरादून_______“सेवा • संस्कार • समर्पण • स्वच्छता • संवाद” के मूल संदेश के साथ “एक रविवार–एक गाँव–एक घंटा समाज के नाम” अभियान के अंतर्गत रुद्रेश्वर महादेव मंदिर, खलंगा, मंगलूवाला, नालापानी, रायपुर, देहरादून में जनसेवा, स्वच्छता, जनसंवाद एवं जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।कार्यक्रम का आयोजन एनजीओ प्रकोष्ठ, जिला देहरादून द्वारा किया गया। अभियान का उद्देश्य समाज के बीच पहुँचकर स्थानीय समस्याओं एवं आवश्यकताओं को समझना, जरूरतमंद दिव्यांग बच्चों एवं बुजुर्गों तक सहयोग पहुँचाने की दिशा में पहल करना तथा केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना रहा।संवेदनशीलता से सेवा की ओरकार्यक्रम के दौरान श्री मनीष चौहान जी, श्रीमती हिमानी रावत जी, श्री सुशांत मोहन जी, श्रेया एवं वाटिका सहित संबंधित स्थानीय निवासियों से संवाद स्थापित किया गया। जरूरतमंदों की परिस्थितियों को समझते हुए आवश्यक मेडिकल रिपोर्ट प्राप्त की गईं, ताकि उनके लिए आवश्यक सहयोग एवं सहायता की दिशा में आगे प्रभावी प्रयास किए जा सकें।स्वच्छ भारत अभियान में सक्रिय सहभागिताकार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित स्वच्छता अभियान में श्री विपिन चौहान जी, श्री सचिन चौहान जी एवं आर्यमन तनेजा जी ने सक्रिय सहभागिता की। मंदिर परिसर एवं आसपास के क्षेत्र में साफ-सफाई करते हुए स्वच्छ वातावरण का संदेश दिया गया।इस अवसर पर स्थानीय लोगों से अपने घर, मोहल्ले, मंदिर परिसर एवं सार्वजनिक स्थलों को स्वच्छ रखने तथा पर्यावरण संरक्षण में सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया गया। साथ ही यह संदेश दिया गया कि स्वच्छता केवल किसी एक दिन या अभियान तक सीमित न रहकर दैनिक जीवन का संस्कार बने।जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी पहुँचाने पर जोरकार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों एवं स्थानीय निवासियों को केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रति जागरूक किया गया। उन्हें बताया गया कि सरकारी योजनाएँ केवल आर्थिक सहायता का माध्यम नहीं हैं, बल्कि स्थानीय संसाधनों, कृषि, पर्यटन, महिला सशक्तिकरण, कौशल विकास एवं ग्रामीण उद्यमिता को बढ़ावा देकर आत्मनिर्भर एवं स्वावलंबी समाज के निर्माण का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।आयोजकों ने कहा—“सेवा तभी सार्थक है, जब वह जरूरतमंद तक पहुँचे; संवाद तभी सार्थक है, जब वह समाधान की दिशा में आगे बढ़े; और संगठन तभी सार्थक है, जब वह समाज के अंतिम व्यक्ति के साथ खड़ा दिखाई दे।”सेवा, स्वच्छता और संवाद का संकल्पकार्यक्रम में सहयोग एवं सहभागिता करने वाले सभी स्थानीय निवासियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, स्वयंसेवकों एवं सहयोगियों का हार्दिक आभार व्यक्त किया गया।आयोजकों ने कहा कि सेवा, स्वच्छता, सामाजिक जागरूकता और जनसंवाद का यह संकल्प निरंतर जारी रहेगा। अभियान के माध्यम से समाज की वास्तविक समस्याओं को समझते हुए उनके समाधान के लिए सामूहिक प्रयास किए जाएंगे तथा जरूरतमंद लोगों को यथासंभव सहयोग उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य किया जाएगा।अभियान का संदेश“सेवा के लिए संवेदनशीलता,समाज के लिए समर्पण,जन-जन के लिए संवाद,स्वच्छता के लिए सहभागिता,और विकास के लिए सतत प्रयास
