
कक्षा 1 से 8 तक टीईटी की अनिवार्यता के खिलाफ देश के पांच राज्यों द्वारा सुप्रीम कोर्ट में जो पुनर्विचार याचिकाएं दाखिल की गई थी, जिसका अखिल भारतीय जूनियर हाई स्कूल शिक्षक संघ स्वागत करता है और उम्मीद करता है कि राज्य सरकारें पूरी निष्ठा के साथ टीईटी की जो अनिवार्यता सुप्रीम कोर्ट ने प्रारम्भिक शिक्षकों पर थोपी है उसे खत्म करने के लिए सुप्रीम कोर्ट में सही दिशा में पहल करें! राष्ट्रीय अध्यक्ष योगेश त्यागी जी व राष्ट्रीय महामंत्री सुभाष चौहान ने सभी प्राथमिक/जूनियर संगठनों की ताकत का ही नतीजा है कि आज देश के पांच राज्यों ने सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिकाएं दाखिल की है! दोनों राष्ट्रीय नेताओं ने सभी प्राथमिक/जूनियर संगठनों के पदाधिकारियों को धन्यवाद पारित किया और कहा कि सभी शिक्षक संगठन टीईटी की अनिवार्यता खत्म होने तक आन्दोलन जारी रखें!देश के अन्य सभी और राज्य भी सुप्रीम कोर्ट में टीईटी की अनिवार्यता के खिलाफ पुनर्विचार याचिकाएं दाखिल करें!राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जगमोहन रावत, रविन्द्र पुण्डीर, अतुल शर्मा, सैन सिंह नेगी, राजकुमार पाल, सरिता बडोनी, वेद प्रकाश कोठियाल, शोभा नेगी,संजय प्रजापति, कनकलता सेमवाल, संदीप रावत, हरेन्द्र बिष्ट सभी पदाधिकारियों ने भी सभी राज्यों को टीईटी की अनिवार्यता के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिकाएं दाखिल करने व 2010 से पूर्व सभी शिक्षकों को टीईटी की अनिवार्यता से मुक्त करने की बात कही!
जगमोहन रावत
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष
अ०भा०जू०हाई स्कूल शिक्षक संघ
