दो दिवसीय नवग्रह महामंडल विधान का शुभारंभ
परम पूज्य संस्कार प्रणेता ज्ञानयोगी जीवन आशा हॉस्पिटल प्रेरणा स्तोत्र उत्तराखंड के राजकीय अतिथि आचार्य श्री 108 सौरभ सागर जी महामुनिराज के मंगल सानिध्य में आज शनिवार दिनांक 16.08.25
को श्री दिगंबर जैन पंचायती मंदिर जी गाँधी रोड पर दो दिवसीय नवग्रह महामंडल विधान का शुभारम्भ हुआ। विधान में देहरादून के आलावा बहार से पधारे गुरुभक्तो ने भी सम्मिलित होकर धर्मलाभ लिया।बाहर से पधारे गुरुभक्तो का पुष्प वर्षायोग समिति द्वारा अतिथि सत्कार किया गया।


इस अवसर पर पूज्य गुरुदेव आचार्य श्री सौरभ सागर जी ने कहा कि जैन धर्म में, नवग्रह मंडल विधान नौ ग्रहों (नवदेवता) की पूजा करने की एक विधि है, जो ज्योतिष के ग्रहों से अलग हैं। यह एक महत्वपूर्ण अनुष्ठान है जिसमें नवग्रहों (अरिहंत, सिद्ध, आचार्य, उपाध्याय, साधु, ज्ञान, दर्शन, चारित्र, और तप) के लिए मंडल में विशेष स्थान बनाए जाते हैं।
नवग्रह मंडल विधान में, नौ देवताओं के लिए मंडल में नौ स्थान होते हैं। ये देवता जैन धर्म में पूजनीय हैं और उनकी पूजा करने से सुख, शांति और समृद्धि प्राप्त होती है।
इसी श्रृंखला में आज महाराज श्री सौरभ सागर जी के सानिध्य में श्री आदिनाथ धर्मार्थ चिकित्सालय में डॉक्टर अंशिका जैन द्वारा निशुल्क स्वास्थ्य शिविर लगाया गया जिसमें विभिन्न तरह की जांच निशुल्क मुहैया कराई गई । जिसमें 70 लोगों ने स्वास्थ्य लाभ उठाया____मधु सचिन जैन
मीडिया कोऑर्डिनेटर
देहरादून जैन समाज
